2 મિનિટ 3-5 વર્ષ Easy

दयालु हाथी अप्पू (Appu the Kind Elephant)

🎭 મુખ્ય પાત્રો: हाथी, गौरैया, खरगोश

दयालु हाथी अप्पू (Appu the Kind Elephant)
અક્ષરનું માપ:

एक सुंदर जंगल में अप्पू नाम का एक बड़ा हाथी रहता था। अप्पू बहुत दयालु और शांत स्वभाव का था। वह जंगल के सभी पक्षियों और जानवरों से बहुत प्यार करता था।

एक दिन, जंगल में एक भयानक तूफान आया और भारी बारिश होने लगी। हवा इतनी तेज़ थी कि चकीबेन का छोटा सा घोंसला पेड़ से गिर गया। घोंसले में चकीबेन के छोटे बच्चे थे जो अभी उड़ नहीं सकते थे। चकीबेन चिंता में रोने लगी।

उसी समय, अप्पू हाथी वहाँ से गुज़र रहा था। चकीबेन को रोता देखकर उसने पूछा, “चकीबेन, क्या हुआ? तुम क्यों रो रही हो?” चकीबेन ने उसे टूटा हुआ घोंसला दिखाया। अप्पू ने बिना देर किए, अपनी लंबी सूंड से बहुत सावधानी से घोंसले को उठाया और एक पेड़ की ऊँची और सुरक्षित डाल पर रख दिया, जहाँ हवा का असर कम हो। चकीबेन के बच्चे बच गए और वे चहचहाने लगे।

बारिश रुकने के बाद, जंगल के बीच से बहने वाली एक छोटी नदी में बाढ़ आ गई। एक छोटा खरगोश नदी पार करना चाहता था लेकिन नहीं कर सका। अप्पू ने खरगोश को देखा। उसने खरगोश से कहा, “खरगोश, बिल्कुल चिंता मत करो। तुम मेरी पीठ पर बैठ सकते हो।” खरगोश कूदकर अप्पू की पीठ पर बैठ गया और अप्पू उसे धीरे-धीरे नदी पार कराता रहा।

इस तरह अप्पू ने जंगल में कई जानवरों की मदद की। सभी जानवर उससे बहुत प्यार करते थे। एक दिन अप्पू एक गहरे गड्ढे में फंस गया। वह खुद बाहर नहीं निकल पा रहा था। वह ज़ोर-ज़ोर से आवाज़ें निकालने लगा।

उसका शोर सुनकर जंगल के सभी जानवर – बंदर, खरगोश, हिरण और पक्षी – दौड़कर वहाँ आ गए। सबने मिलकर एक प्लान बनाया। पक्षियों ने जंगल के दूसरे हाथियों को बुलाया, जबकि बंदरों ने पेड़ों की मज़बूत बेलें तोड़कर गड्ढे में फेंक दीं। सबकी मिली-जुली कोशिशों से अप्पू गड्ढे से बाहर निकल गया।

अप्पू की आँखों में खुशी के आँसू आ गए। उसने सबको धन्यवाद दिया। यह कहानी हमें सिखाती है कि अगर हम दूसरों की मदद करेंगे, तो मुसीबत के समय हमें भी सबसे मदद मिलेगी।

💡

વાર્તાનો બોધ (Moral of the Story)

मदद करना जीवन का सबसे बड़ा गुण है। भगवान उनकी मदद करते हैं जो दूसरों की मुश्किलों में मदद करते हैं।